ईडी की चार्जशीट से खुलासा – अवैध बालू खनन से खड़ी की करोड़ों की संपत्ति
रांची। झारखंड की राजनीति में एक बड़ा खुलासा हुआ है। बड़कागांव की पूर्व कांग्रेस विधायक अंबा प्रसाद के भाई अंकित राज की अवैध बालू कारोबार से जुड़ी करोड़ों की संपत्ति को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने जब्त कर लिया है।
ईडी ने अगस्त 2025 में दाखिल अपनी चार्जशीट में बताया कि उसने अंकित राज की 13.24 एकड़ जमीन और एक करोड़ रुपये मूल्य का मकान जब्त किया है।
कैसे बनाई गई यह संपत्ति?
जांच में सामने आया कि अंकित राज ने 2019 में सोनपुरा घाट का खनन लाइसेंस खत्म होने के बाद भी बालू का अवैध उत्खनन जारी रखा। उसने हाहारो, प्लांडू और दामोदर नदियों से बड़े पैमाने पर बालू निकाला और उससे कमाई कर कई जमीनें और मकान खरीदे।
- 2021 में 75 लाख रुपये में 8 डिसमिल जमीन खरीदी गई।
- इस पर 26 लाख रुपये खर्च कर पक्का मकान बनवाया गया।
- मकान सहित जमीन अब जब्त कर ली गई है।
किन-किन जमीनों पर गिरी ईडी की गाज?
ईडी ने हजारीबाग जिले के अलग-अलग मौजों में फैली जमीनें जब्त की हैं। इनमें—
- सदमपुर – कई प्लॉट (कुल लगभग 6 एकड़)
- बहोरनपुर – 1.23 एकड़, 1.13 एकड़ और अन्य टुकड़े
- जोरदाग – 53.5 डिसमिल, 52.5 डिसमिल
- भादीखाप, बाभनबी, नवादा, सिरकी, केरेडारी, नया खाप, हुपाड़, केंटोनमेंट – छोटे-बड़े भूखंड
कुल मिलाकर ईडी ने 13.24 एकड़ जमीन जब्त की है।
कुल जब्ती का आंकड़ा
- 30 चल-अचल संपत्तियां जब्त
- 3.02 करोड़ रुपये की संपत्ति का खुलासा
- अब तक 3.40 करोड़ रुपये की कुर्की
किन मामलों में फंसे अंकित राज?
ईडी की जांच झारखंड पुलिस में दर्ज 16 एफआईआर के आधार पर की गई। इनमें आरोप हैं—
- अवैध बालू खनन
- जबरन वसूली
- सरकारी काम में बाधा डालना
- और झारखंड टाइगर ग्रुप नामक नक्सली संगठन चलाने के मामले
ईडी ने 15 दिसंबर 2023 से जांच शुरू की थी और अब कार्रवाई तेज हो गई है।
राजनीतिक असर
इस कार्रवाई ने झारखंड की राजनीति में हलचल मचा दी है। चूंकि अंबा प्रसाद कांग्रेस की जानी-मानी महिला विधायक रही हैं, इसलिए उनके परिवार से जुड़ी ईडी की इस कार्रवाई को विपक्ष भ्रष्टाचार और अवैध कारोबार से जोड़कर कांग्रेस पर हमले का हथियार बना रहा है।
👉 इस तरह यह मामला केवल अवैध बालू कारोबार का ही नहीं, बल्कि झारखंड की राजनीति के लिए भी बड़ा झटका है।




