उत्तर प्रदेश के बागपत ज़िले से एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया है। गांव गांगनौली में मस्जिद के इमाम की पत्नी और दो छोटी बेटियों की बेरहमी से हत्या कर दी गई। हत्या का आरोप उन्हीं दो नाबालिग छात्रों पर लगा है जो मौलवी से तालीम लेते थे। पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूरे मामले का खुलासा कर दिया है।
घटना कैसे घटी
गांगनौली गांव की मस्जिद के इमाम इब्राहिम रोज़ की तरह 11 अक्टूबर की दोपहर देवबंद गए थे। जब वे वापस लौटे, तो घर का दरवाज़ा खुला मिला। अंदर घुसते ही उनके पैरों तले ज़मीन खिसक गई — कमरे में उनकी पत्नी इसराना और दो छोटी बेटियाँ (एक करीब 5 साल की, दूसरी 2 साल की) खून से लथपथ पड़ी थीं। यह नज़ारा इतना भयावह था कि पूरे गांव में सन्नाटा छा गया।
पुलिस को सूचना दी गई तो जांच के लिए कई टीमें मौके पर पहुंचीं। कमरे का मुआयना करने पर पता चला कि हत्या के वक्त मस्जिद के सीसीटीवी कैमरे बंद थे।
पुलिस जांच में चौंकाने वाला खुलासा
जांच के दौरान पुलिस ने मस्जिद और आस-पास के इलाकों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। इसी में दो किशोर संदिग्ध नज़र आए जो अक्सर इब्राहिम के मदरसे में पढ़ने आते थे। पूछताछ में दोनों ने हत्या की बात कबूल कर ली।
पता चला कि इब्राहिम सख्त स्वभाव के थे और बच्चों की गलती पर डांटते-मारते थे। कुछ दिन पहले उन्होंने एक छात्र को डांटा और पीटा भी था। इससे दोनों छात्रों के मन में बदला लेने की भावना पैदा हो गई।
हत्या वाले दिन मौलवी के बाहर जाने के बाद दोनों लड़के चुपके से ऊपर बने उनके कमरे में पहुंचे। जब परिवार सो रहा था, तब उन्होंने हथौड़े और धारदार हथियार से पत्नी और दोनों बच्चियों पर हमला कर दिया। तीनों की मौके पर ही मौत हो गई।
बरामदगी और गिरफ्तारी
पुलिस ने दोनों नाबालिग आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल हथौड़ा और चाकू बरामद किया है। दोनों को बाल सुधार गृह भेजने की प्रक्रिया जारी है।
गांव में मातम, लोगों में गुस्सा
घटना के बाद पूरे गांव में शोक और आक्रोश का माहौल है। इमाम के परिवार की सादगी और नेक स्वभाव को याद करते हुए ग्रामीणों की आंखें नम हैं। लोग हैरान हैं कि पढ़ाई के लिए आए बच्चे ही इस जघन्य वारदात के जिम्मेदार निकले।
पुलिस का बयान
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दोनों नाबालिगों से गहराई से पूछताछ की जा रही है। प्रारंभिक जांच में यह मामला गुस्से और प्रतिशोध से जुड़ा हुआ प्रतीत होता है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।






