महाराजगंज ज़िले में रविवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। जानकारी के अनुसार, एक तेज़ रफ़्तार ट्रक और डीसीएम (मिनी ट्रक) में आमने-सामने की भीषण टक्कर हो गई। इस हादसे में पिता की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसके साथ मौजूद दो बेटे गंभीर रूप से घायल हो गए।
दशहरा पर्व के दौरान एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ, जिसने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। दिल्ली में चालक के रूप में काम करने वाले 50 वर्षीय प्रमोद यादव अपने दोनों बेटों के साथ बिहार के दरभंगा ज़िले के बहेरी थाना क्षेत्र के गांव चिनहां जा रहे थे। वे दिल्ली से डीसीएम गाड़ी लेकर बच्चों संग घर लौट रहे थे, ताकि दशहरा पर्व पर परिवार एक साथ समय बिता सके।
लेकिन कुशीनगर के पटहेरवा थाना क्षेत्र के लबनिया चौराहा के समीप उनकी गाड़ी को सामने से आ रहे एक ट्रक ने ज़ोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भयानक थी कि प्रमोद यादव की मौके पर ही हालत बिगड़ गई और उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तमकुहीराज ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
इस हादसे में उनके दोनों बेटे — 16 वर्षीय विकास कुमार यादव और 12 वर्षीय विक्रम कुमार यादव — गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों की हालत नाज़ुक होने के कारण डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज, कुशीनगर रेफ़र कर दिया।
हादसे के बाद हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई और करीब एक किलोमीटर लंबा जाम लग गया। स्थानीय पुलिस ने घटनास्थल पर पहुँचकर जाम को हटवाया और आवागमन सुचारु कराया। वहीं, टक्कर मारने वाला ट्रक चालक हादसे के बाद वाहन लेकर मौके से फरार हो गया।
पुलिस ने मृतक के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी विनय कुमार मिश्र ने बताया कि आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
बताया जा रहा है कि प्रमोद यादव अपने परिवार संग दिल्ली में रहते थे। वहीं डीसीएम चलाकर वह घर का खर्च चलाते और बच्चों को पढ़ाते थे। इस बार दशहरा मनाने के लिए उनके परिवार के अन्य सदस्य पहले ही गांव पहुँच चुके थे, जबकि प्रमोद अपने दोनों बेटों को साथ लेकर घर लौट रहे थे। मगर दुर्भाग्यवश, त्योहार की खुशियां मातम में बदल गईं।






